Vaidhriti Yog: तीन दिन में बनेगा वैधृति योग, इस राशि के लोग रहें सावधान
- byvarsha
- 19 Feb, 2026
PC: navarashtra
ज्योतिष में वैधृति योग को बहुत अशुभ माना जाता है, क्योंकि यह मेल नेगेटिव शक्तियों को मजबूत करता है, जिससे व्यक्ति के जीवन में गंभीर रुकावटें आती हैं। ज्योतिष के अनुसार, यह योग तब बनता है जब सूर्य और चंद्रमा के देशांतर का जोड़ 346°40' और 360° के बीच होता है। इस योग के प्रभाव से व्यक्ति को झगड़े, पैसे की कमी, वैवाहिक सुख में कमी और सेहत से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पंचांग के अनुसार, सूर्य और चंद्रमा की युति से बनने वाला यह योग शनिवार, 21 फरवरी को सुबह 8.9 बजे बनेगा। जानें वैधृति योग के कारण किन राशियों को सावधान रहना चाहिए
इस राशि के लोग रहें सावधान
मेष
मेष राशि के लोगों पर वैधृति योग का असर पड़ेगा। आप बेचैन महसूस करेंगे। छोटी-छोटी बातें भी बड़ी लग सकती हैं। काम की जगह पर विरोधियों की आवाजाही बढ़ सकती है। इस दौरान आपके किसी करीबी से अनबन हो सकती है। अपने गुस्से पर काबू रखना ज़रूरी है। पैसे के मामलों में लापरवाही से नुकसान हो सकता है। इस समय इन्वेस्टमेंट से बचना चाहिए। परिवार में टेंशन बढ़ सकती है। हेल्थ प्रॉब्लम हो सकती हैं।
कर्क
कर्क राशि वालों के लिए यह समय उतार-चढ़ाव वाला रहेगा। आपका मन अस्थिर रहेगा, फैसले लेने में मुश्किल होगी। काम पर काम का प्रेशर बढ़ सकता है और आपके सीनियर्स के साथ आपके रिश्ते खराब हो सकते हैं। कोई पुराना केस झगड़े का कारण बन सकता है। आपको फाइनेंशियल मामलों में रुकावटों का सामना करना पड़ सकता है। उधार लिया हुआ पैसा फंस सकता है। परिवार में गलतफहमियां बढ़ सकती हैं। जीवनसाथी के साथ टेंशन का माहौल रह सकता है। अपनी हेल्थ का ध्यान रखें। पेट या सीने की प्रॉब्लम चिंता का कारण बन सकती हैं।
तुला
तुला राशि वालों के लिए यह समय चैलेंजिंग रहेगा। बिजनेस में नुकसान होने की संभावना है। पार्टनरशिप में झगड़े होने की संभावना है। किसी पर आंख मूंदकर भरोसा करना नुकसानदायक हो सकता है। आपकी सोशल इमेज पर असर पड़ सकता है। कानूनी मामलों में सावधानी बरतने की जरूरत है। परिवार की जिम्मेदारियां बढ़ेंगी। मेंटल स्ट्रेस बढ़ सकता है। नींद की कमी हो सकती है। गाड़ी चलाते समय खास ध्यान रखें। यह समय सब्र और सोच-समझकर काम करने का है।
इस दौरान क्या उपाय करने चाहिए? वैधृति योग के अशुभ असर को कम करने के लिए भगवान शिव की पूजा भक्ति भाव से करें और शिवलिंग पर जल चढ़ाएं। रुद्राभिषेक करना या जल और दूध से खुद का अभिषेक करना शुभ माना जाता है। इस दौरान जरूरतमंदों को खाना, कपड़े या पैसे दान करें। साथ ही, महामृत्युंजय मंत्र का रोज़ाना कम से कम 108 बार जाप करें। इन उपायों से मानसिक शांति और पॉजिटिव एनर्जी मिलती है।






