बजट 2026 का पूरा असर: क्या हुआ सस्ता, क्या महंगा और आपकी जेब पर पड़ेगा कैसा प्रभाव
- byrajasthandesk
- 01 Feb, 2026
केंद्रीय बजट 2026–27 पेश होने के बाद आम लोगों, निवेशकों और कारोबारियों की नजर इस बात पर टिकी है कि इस बार सरकार ने किन चीजों को सस्ता किया और किन पर सख्ती बढ़ाई। यह बजट ऐसे समय में आया है, जब वैश्विक स्तर पर आर्थिक चुनौतियां बनी हुई हैं और देश में विकास की रफ्तार को बनाए रखना एक बड़ी प्राथमिकता है।
सरकार ने एक ओर विदेश यात्रा, शिक्षा, स्वास्थ्य, ग्रीन एनर्जी और एक्सपोर्ट सेक्टर को राहत दी है, वहीं टैक्स कंप्लायंस और शेयर बाजार से जुड़े कुछ मामलों में नियम कड़े किए गए हैं। FY27 के लिए भारत की GDP ग्रोथ 6.8% से 7.2% के बीच रहने का अनुमान है और बजट के प्रावधान इसी लक्ष्य को ध्यान में रखकर तय किए गए हैं।
बजट 2026 में क्या-क्या हुआ सस्ता
विदेश यात्रा अब होगी आसान
ओवरसीज टूर पैकेज पर टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स (TCS) को घटाकर सिर्फ 2% कर दिया गया है। पहले यह दर 5% से 20% तक थी। इससे विदेश घूमने की योजना बना रहे लोगों को सीधा फायदा मिलेगा।
विदेश में पढ़ाई का खर्च कम
लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (LRS) के तहत शिक्षा से जुड़े खर्चों पर TDS घटाया गया है, जिससे विदेशी यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले छात्रों और उनके अभिभावकों को राहत मिलेगी।
खनिज और शराब स्क्रैप सस्ता
अल्कोहॉलिक लिकर स्क्रैप और कुछ चुनिंदा मिनरल्स पर कस्टम ड्यूटी 5% से घटाकर 2% कर दी गई है।
फुटवियर एक्सपोर्ट को बढ़ावा
जूते के अपर बनाने में इस्तेमाल होने वाले आयातित कच्चे माल को अब एक्सपोर्ट के लिए ड्यूटी-फ्री कर दिया गया है।
ग्रीन एनर्जी और इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूती
सरकार ने क्लीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए कई अहम फैसले लिए हैं—
- एनर्जी ट्रांजिशन से जुड़े उपकरणों पर बेसिक कस्टम ड्यूटी पूरी तरह हटाई गई
- सोलर ग्लास निर्माण में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल पर BCD माफ
- क्रिटिकल मिनरल्स से जुड़े कैपिटल गुड्स पर कस्टम ड्यूटी छूट
एविएशन सेक्टर को राहत
नागरिक विमानों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाले पार्ट्स और कंपोनेंट्स पर कस्टम ड्यूटी खत्म कर दी गई है।
पर्सनल इंपोर्ट्स सस्ते
व्यक्तिगत उपयोग के लिए आयात किए जाने वाले सामान पर कस्टम ड्यूटी 20% से घटाकर 10% कर दी गई है।
हेल्थकेयर में बड़ी राहत
रेयर बीमारियों और कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवाओं पर अब कोई बेसिक कस्टम ड्यूटी नहीं लगेगी।
मछुआरे और न्यूक्लियर प्रोजेक्ट्स
भारतीय जल क्षेत्र में पकड़ी गई मछलियों पर BCD खत्म की गई है, साथ ही न्यूक्लियर पावर प्रोजेक्ट्स के लिए आयातित सामान को भी ड्यूटी फ्री किया गया है।
बजट 2026 में क्या हुआ महंगा
टैक्स नियमों में सख्ती
इनकम टैक्स रिटर्न में गलत जानकारी देने पर अब टैक्स राशि के बराबर यानी 100% तक जुर्माना लगाया जा सकता है।
चल संपत्ति छुपाने पर पेनल्टी
अब मूवेबल एसेट्स की जानकारी छुपाने पर भी पेनल्टी लगेगी।
F&O ट्रेडिंग पर अतिरिक्त बोझ
फ्यूचर्स और ऑप्शंस ट्रेडिंग पर सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) को 0.02% से बढ़ाकर 0.05% कर दिया गया है, जिससे एक्टिव ट्रेडर्स की लागत बढ़ेगी।
कुल मिलाकर, बजट 2026 मिडिल क्लास, हेल्थकेयर, ग्रीन एनर्जी और एक्सपोर्ट सेक्टर को राहत देने के साथ-साथ टैक्स अनुशासन और वित्तीय पारदर्शिता को मजबूत करने की दिशा में एक संतुलित कदम माना जा रहा है। आने वाले महीनों में इसके असर का मूल्यांकन खपत, निवेश और आर्थिक गतिविधियों के आधार पर किया जाएगा।



