SIM Swap Scam क्या है? बिना OTP के कैसे खाली हो जाता है बैंक अकाउंट, जानें बचाव के 4 बड़े तरीके
- byvarsha
- 26 Sep, 2026
PC: Aaj tak
SIM Swap Scam (सिम स्वैप फ्रॉड) साइबर अपराधियों का एक ऐसा तरीका है, जिसमें वे आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर का नकली सिम कार्ड (Duplicate SIM) जारी करवा लेते हैं। जैसे ही हैकर के पास आपके नंबर का नया सिम चालू होता है, आपके असली सिम कार्ड से नेटवर्क गायब हो जाता है। इसके बाद आपके फोन पर आने वाले सभी कॉल और OTP (One-Time Password) हैकर के पास जाने लगते हैं, जिससे वे आपके बैंक अकाउंट, यूपीआई और सोशल मीडिया अकाउंट्स को पूरी तरह खाली या हैक कर लेते हैं।
हैकर्स यह स्कैम कैसे अंजाम देते हैं?
फिशिंग और पर्सनल डेटा की चोरी: हैकर्स सबसे पहले कॉल, फर्जी मैसेज या सोशल मीडिया के ज़रिए आपका नाम, आधार नंबर, जन्मतिथि और बैंक डिटेल्स जैसी निजी जानकारियों को चुराते हैं।
टेलीकॉम कंपनी को गुमराह करना: हैकर टेलीकॉम ऑपरेटर (Jio, Airtel, Vi आदि) के स्टोर पर जाकर या कॉल करके दावा करता है कि "उसका सिम गुम हो गया है या खराब हो गया है।"
नकली दस्तावेज देना: चुराए गए आपके फर्जी आईडी प्रूफ जमा करके हैकर आपके नंबर का नया सिम कार्ड जारी करवा लेता है।
नेटवर्क बंद होना और बैंक खाली होना: नया सिम एक्टिवेट होते ही आपके ओरिजिनल सिम से नेटवर्क चला जाता है। इसके बाद हैकर नेट बैंकिंग या UPI के ज़रिए आपके खाते से पैसे ट्रांसफर कर लेता है क्योंकि सारे OTP अब उसके पास आ रहे होते हैं।
SIM Swap Scam से कैसे बचें?
अचानक सिग्नल गायब होने पर सतर्क रहें: अगर आपके फोन से बिना किसी वजह के लंबे समय तक नेटवर्क गायब (No Service) हो जाए, तो तुरंत अपनी टेलीकॉम कंपनी के कस्टमर केयर से दूसरे फोन से संपर्क करें।
निजी जानकारी शेयर न करें: किसी भी अनजान कॉल, लिंक या ईमेल पर अपनी आधार संख्या, पैन नंबर या माता-पिता का नाम जैसी संवेदनशील जानकारी न दें।
सिम लॉक (SIM PIN) ऑन करें: अपने फोन की सेटिंग्स में जाकर अपने सिम कार्ड पर SIM PIN सेट करें। इससे कोई अन्य व्यक्ति आपके सिम का गलत इस्तेमाल नहीं कर पाएगा।
बैंक अलर्ट पर ध्यान दें: अपने ईमेल पर भी बैंक ट्रांजेक्शन अलर्ट ऑन रखें, ताकि अगर फोन पर मैसेज न आए तो ईमेल से तुरंत पता चल सके।






