Utility News: अब खाते में आएंगे राशन के पैसे, 30 दिनों में नहीं खरीदा अनाज तो वापस चला जाएगा सरकार के पास
- byShiv
- 13 Aug, 2026
इंटरनेट डेस्क। चंडीगढ़ और दादर एवं नगर हवेली दो ऐसे केंद्रशासित प्रदेश बन गए हैं, जहां 14 अगस्त 2026 से सरकार राशन की सब्सिडी डिजिटल रूपी के जरिए सीधे लाभार्थियों के वॉलेट में भेजने जा रही है। केंद्र सरकार की इस योजना का मकसद प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अनन योजना के तहत दी जाने वाली खाद्य सब्सिडी की चोरी और दुरुपयोग को रोकना है।
स्कीम की क्या है खासियत?
स्कीम की सबसे बड़ी खासियत ही यह है कि यह पर्पज बाउंड या उद्देश्य निर्धारित है। यानी कि वॉलेट में सरकार द्वारा भेजी जाने वाली डिजिटल करेंसी का उपयोग सिर्फ गेहूं और चावल जैसे अनाज खरीदने के लिए ही किया जा सकता है। लाभार्थी इससे राशन के अलावा कोई और चीज नहीं खरीद पाएंगे।
30- दिनों की समयसीमा
वॉलेट में आए राशन के पैसे आपको एक महीने में खर्च करने होंगे। यानी कि यह रकम एक महीने के लिए ही वैलिड रहेगी। अगर लाभार्थी इस महीने के भीतर राशन नहीं खरीदता है, तो यह पैसा अपने आप ही वापस सरकार के खाते में चली जाएगी। चूंकि हर एक डिजिटल ट्रांजैक्शन का रियल-टाइम डिजिटल रिकॉर्ड रहता है, जिससे सरकार को यह ट्रैक करने में आसानी रहती है।
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