Vastu Shastra: जाने पूर्वजों की तस्वीर लगाने के क्या हैं नियम, रखना होता हैं इन बातों का ध्यान

इंटरनेट डेस्क। हिंदू धर्म में पूर्वजों का स्थान देवताओं के समान माना गया है। मान्यता है कि पितरों का आशीर्वाद जिस घर पर होता है, वहां सुख, शांति और समृद्धि होती है। वैसे आपने देखा होगा कि दिवंगत परिजनों की याद में उनकी तस्वीरें घर में लगाते हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि वास्तु शास्त्र के अनुसार पितरों की तस्वीर लगाने के कुछ कड़े नियम हैं? तो जानते हैं उनके बारे में।

तस्वीर के लिए सबसे शुभ दिशा
वास्तु शास्त्र के अनुसार, पितरों की तस्वीर लगाने के लिए दक्षिण दिशा सबसे उत्तम मानी जाती है। चूंकि, दक्षिण दिशा यम और पितरों की दिशा है। इसलिए यहां तस्वीर लगाने से उनका आशीर्वाद बना रहता है। 

यहां न रखें तस्वीर
यह सबसे आम गलती है जो लोग करते हैं। वास्तु के अनुसार, पितरों की तस्वीर कभी भी देवी-देवताओं के साथ या मंदिर के अंदर नहीं रखनी चाहिए। देवता और पितर दोनों पूजनीय हैं, लेकिन उनका स्थान अलग होता है। मंदिर में पितरों की फोटो रखने से देव दोष लग सकता है।

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