वीपीएफ क्या है और क्यों जरूरी है? जानिए वॉलंटरी प्रोविडेंट फंड के फायदे और टैक्स बचत के तरीके
- byrajasthandesk
- 07 Feb, 2026
भविष्य की आर्थिक सुरक्षा के लिए नौकरीपेशा लोगों के लिए ईपीएफ (EPF) सबसे भरोसेमंद निवेश विकल्प माना जाता है। यह एक अनिवार्य योजना है, जिसमें हर महीने सैलरी से पैसा कटकर रिटायरमेंट फंड तैयार होता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि EPF के साथ-साथ एक और विकल्प है, जिससे आप अपनी बचत को और तेजी से बढ़ा सकते हैं? इसे वॉलंटरी प्रोविडेंट फंड (VPF) कहा जाता है।
वीपीएफ उन कर्मचारियों के लिए खास है जो बिना जोखिम लिए अपनी रिटायरमेंट की पूंजी बढ़ाना चाहते हैं।
ईपीएफ और वीपीएफ को समझना क्यों जरूरी है?
हर नौकरीपेशा व्यक्ति की सैलरी से EPF के तहत एक तय प्रतिशत कटता है। यह बचत भविष्य के लिए बेहद जरूरी होती है, लेकिन कई बार यह राशि पर्याप्त नहीं लगती। ऐसे में वीपीएफ आपको अतिरिक्त निवेश की आज़ादी देता है।
ईपीएफ (EPF) क्या है?
ईपीएफ एक अनिवार्य बचत योजना है, जिसमें:
- कर्मचारी की बेसिक सैलरी और डीए का 12% योगदान होता है
- नियोक्ता (कंपनी) भी उतना ही योगदान देती है
- ब्याज दर सरकार द्वारा तय की जाती है
- यह रिटायरमेंट के लिए सुरक्षित फंड तैयार करता है
वीपीएफ (VPF) क्या होता है?
वीपीएफ एक स्वैच्छिक योजना है, जिसमें कर्मचारी अपनी इच्छा से EPF से अधिक राशि जमा कर सकता है।
वीपीएफ की खास बातें:
- इसमें निवेश करना पूरी तरह वैकल्पिक है
- आप अपनी बेसिक सैलरी का 100% तक योगदान कर सकते हैं
- इसमें कंपनी का कोई अतिरिक्त योगदान नहीं होता
- ब्याज दर EPF के बराबर होती है
ईपीएफ और वीपीएफ के बीच मुख्य अंतर
- अनिवार्यता: EPF जरूरी है, VPF वैकल्पिक
- कंपनी का योगदान: EPF में होता है, VPF में नहीं
- निवेश की सीमा: VPF में अधिक निवेश की अनुमति
- ब्याज: दोनों में समान
वीपीएफ में निवेश करने के बड़े फायदे
1. पूरी तरह सुरक्षित निवेश
सरकारी गारंटी के कारण वीपीएफ में निवेश पूरी तरह सुरक्षित रहता है।
2. बेहतर ब्याज दर
वीपीएफ की ब्याज दर आमतौर पर बैंक एफडी से अधिक होती है।
3. टैक्स में जबरदस्त बचत
वीपीएफ में किया गया निवेश इनकम टैक्स की धारा 80C के तहत टैक्स छूट के लिए योग्य होता है। इसके साथ ही ब्याज और मैच्योरिटी राशि भी टैक्स-फ्री होती है (नियमों के अनुसार)।
4. बचत की अनुशासित आदत
वीपीएफ की राशि सीधे सैलरी से कटती है, जिससे नियमित और अनुशासित बचत होती है।
वीपीएफ कैसे शुरू करें?
वीपीएफ शुरू करने की प्रक्रिया बेहद आसान है:
- अपनी कंपनी के HR या फाइनेंस डिपार्टमेंट को लिखित अनुरोध दें
- बताएं कि आप सैलरी का कितना प्रतिशत VPF में डालना चाहते हैं
- आमतौर पर साल में एक बार इसमें बदलाव किया जा सकता है
किसे वीपीएफ में निवेश करना चाहिए?
वीपीएफ खास तौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है जो:
- स्थिर आय वाले नौकरीपेशा हैं
- कम जोखिम में निवेश चाहते हैं
- टैक्स बचत के सभी विकल्पों का पूरा लाभ लेना चाहते हैं
- मजबूत रिटायरमेंट फंड बनाना चाहते हैं
वीपीएफ, ईपीएफ का एक बेहतरीन विस्तार है, जो आपकी रिटायरमेंट प्लानिंग को और मजबूत बनाता है। सुरक्षित रिटर्न, टैक्स बचत और अनुशासित निवेश के साथ यह योजना आपके भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित बनाने में अहम भूमिका निभा सकती है। यदि आप कम जोखिम में ज्यादा बचत चाहते हैं, तो EPF के साथ VPF को जरूर अपनाएं।






